Neend Poori Na Hone Ke Khatarnak Nuksan: नींद की कमी से शरीर और दिमाग पर गंभीर प्रभाव

क्या आप भी उन लोगों में से हैं जो रोजाना देर रात तक मोबाइल, टीवी, लैपटॉप और कंप्यूटर जैसे इलेक्ट्रॉनिक चीजों को चलाने में लगे रहते है| और क्या आप भी यह सोचते है कि सिर्फ 4 से 5 घंटे की नींद आपकी सेहत के लिए पर्याप्त है| 

अगर हां, तो ये आर्टिकल बिल्कुल आपके लिए ही है| आजकल की भाग-दौड़ जिंदगी में नींद पूरी न होना एक गंभीर समस्या बन चुकी है| देर रात तक जागना, काम का तनाव और गलत लाइफस्टाइल की वजह से लोग 4 से 5 घंटे सोकर काम चला रहे हैं| कभी मैं भी ऐसा करता था और सोचता था कि, कम सोने से क्या ही होने वाला है मेहनत करो और आगे बढ़ते जाओ|

लेकिन फिर धीरे-धीरे मुझे महसूस होने लगा कि नींद पूरी न होने से मेरे शरीर में बहुत बदलाव हो रहे हैं, जैसे- 

1. चिड़चिड़ापन और गुस्सा आना|

2. थकान और कमजोरी महसूस होना|

3. काम में मन न लगना| 

4. ध्यान की कमी| 

5. तनाव का बढ़ाना|  

इन सब के बाद मुझे समझ आया कि नींद सिर्फ आराम के लिए नहीं है, बल्कि हमारे शरीर और दिमाग के लिए एक अच्छा इलाज है| इस आर्टिकल में हम जानेंगे कि नींद की कमी से शरीर और दिमाग को कितने खतरनाक नुकसान हो सकते हैं, और साथ ही कुछ आसान उपाय, जिन्हे अपनाकर मैंने अपनी नींद सुधरी है| 

1. नींद पूरी न होने के ख़तरनाक नुकसान?

आज की भागदौड़ भरी ज़िंदगी में बहुत से लोग नींद को हल्के में ले रहे हैं। यहां मैं अपने अनुभव से खुद का उदाहरण देते हुए आप लोगों को बताऊंगा कि नींद की कमी से क्या-क्या खतरनाक नुकसान हो सकते हैं| 

1. लगातार थकान और कमजोरी

जब मैं कई दिनों तक पूरी नींद नहीं लेता, तो सुबह उठते ही शरीर भारी महसूस होता है और ऐसा लगता है कि जैसे रात भर सोने बाद भी आराम ही नहीं मिला| कई बार हाथ-पैरों में जान नहीं रहती और दिमाग भी ठीक से काम नहीं करता| 

असल में नींद के समय ही हमारा शरीर दिनभर कि थकान को दूर करता है और जब नींद कम होती है तो यह प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाती|

2. इम्यूनिटी सिस्टम कमजोर होना

नींद की कमी से इम्यूनिटी सिस्टम कमजोर हो जाता है| मैंने खुद महसूस किया है कि जब मेरी नींद पूरी नहीं होती, तो सर्दी, खांसी, बुखार जैसी छोटी-छोटी बीमारियाँ बार-बार होने लगती हैं| कई बार ये जल्दी ठीक भी नहीं होतीं, क्योंकि शरीर को बीमारियों से लड़ने की ताकत नींद के दौरान ही मिलती है| 

3. वजन बढ़ना और मोटापा

जब मेरी नींद अधूरी रहती है, तो दिन भर कुछ न कुछ खाने का मन करता रहता है, चाहे पेट भरा ही क्यों न हो| ज्यादा खाने से शरीर में आलस बढ़ जाता है और चलने-फिरने और मेहनत करने का मन नहीं करता| इससे शरीर में चर्बी जमा होने लगती है और धीरे-धीरे वजन बढ़ जाता है| 

4. दिल से जुड़ी बीमारियों का खतरा

नींद पूरी न होने से मैंने अपने अंदर चिड़चिड़ापन और बेचैनी महसूस की है| कई बार छोटी-छोटी बातों पर गुस्सा आ जाता है और मन हमेशा तनाव में उलझा रहता है| अगर यह स्थिति लंबे समय तक बनी रहे, तो इससे ब्लड प्रेशर बढ़ सकता है और दिल से जुड़ी गंभीर बीमारियों का खतरा हो जाता है| 

5. शरीर की रिकवरी धीमी होना

अगर शरीर में दर्द हो, चोट लगी हो या बहुत मेहनत का काम किया हो, जैसे जिम| तो नींद के दौरान ही शरीर खुद को रिकवर करता है| लेकिन मैं जब कभी ठीक से नहीं सोता रिकवरी धीमी हो जाती है और कमजोरी बनी रहती है| 

(यह भी पढ़े- कंघी करते ही हाथों में आ जाता है बालों का ढेर तो हफ्ते में 4 से 5 दिन अपनाए ये घरेलु नुसके, 2 महीनो में कमर के नीचे तक होंगे बाल) 

2. नींद कि कमी से दिमाग पर होने वाले असर?

शुरुआत के कुछ दिनों में जब मेरी नींद पूरी नहीं हो पाती थी, तो मुझे खुद पर इन चीज़ों का असर महसूस होता था, जैसे- 

1. ध्यान न लगाना|

2. याददास कमजोर होना|

3. सही फैसला न ले पाना|

4. तनाव और बेचैनी होना|

5. कुछ नया आइडिया नही सोच पाना| 

3. कम नींद के गंभीर नुकसान? 

मैं खुद अनुभव कर चुका हूँ कि जब मैं देर रात तक जागता था और सिर्फ 4–5 घंटे ही सोता, तो अगले दिन से ही मुझ पर यह मुख्य गंभीर नुकसान हुए थे| जैसे-  

1. थकान होना|

2. याददाश्त कमजोर होना|

3. छोटी-छोटी बातों पर गुस्सा आना|

4. काम में मन न लगना| 

5. सिर में धीरे या जोरो से दर्द होना|

6. दिल की बीमारियों का खतरा होना आदि| 

4. नींद पूरी करने के आसान उपाए?

मैंने खुद अपनी नींद सुधारने के लिए अपनाए ये आसान उपाए और 7 दिनों में ही पाया गहरी नींद और खुद को तरोताजा| 

1. रोज़ एक ही समय पर सोने और उठने की आदत| 

2. सोने से ठीक 30 मिनट पहले मोबाइल, टीवी और लैपटॉप से दूर रहे| 

3. रोजाना हल्का गर्म दूध पीकर सोए| 

4. कमरे को पूरी तरह शांत और अंधेरे में रखें|

5. सोने से पहले भारी खाना या बहुत मीठा न खाए| 

6. नींद की समस्या हो तो सोने से पहले कुछ देर मनपसंद गाना(Song) सुने|  

7. सुबह उठते ही खिड़की खोलकर या बाहर जाकर ताजी हवा लें| 

8. तनाव कम करने के लिए सुबह उठते ही 10 से 15 मिनिट मेडिटेशन और योग करें| 

5. कम से कम कितने घंटे सोना चाहिए?

हर उम्र के लोगों को अलग-अलग नींद की जरूरत होती है| नींद की कमी से शरीर और दिमाग दोनों प्रभावित होते हैं| जानिए आपकी उम्र के हिसाब से आपको कितने घंटे सोना चाहिए|

1. 18 से 60 साल के उम्र के लोगो को हर रात 8 से 9 घंटे की नींद लेनी चाहिए| 

2. 13 से 18 साल की उम्र, इन्हें हर रात 9 से 10 घंटे की नींद लेनी चाहिए|

3. 6 से 12 साल की उम्र, इन्हे रात और दिन मिलाकर 10 से 12 घंटे की नींद लेनी चाहिए| 

(यह भी पढ़े- अगर चेहरे पर दाग-धब्बे है और लाना चाहते हो ग्लो, तो रोज सोने से पहले करें ये घरेलू उपाय, कुछ ही दिनों में दाग होंगे बिलकुल गायब)

6. नींद से जुड़ी अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

Q1. कैसे पता करें कि हमारी नींद पूरी हुई है या नही? 

Answer- अगर नींद पूरी न हो तो दिन भर थकान, आलस और चिड़चिड़ापन महसूस होता है| कम नींद लेने पर मेरी सहनशीलता कम हो जाती है और छोटी-छोटी बातें भी परेशान कर देती हैं और इसी वजह से कई बार मानसिक तनाव बढ़ जाता है| 

Q2. रोजाना कितनी देर नींद लेना सही होता है?

Answer- आम तौर पर रोजाना 7–8 घंटे की गहरी नींद शरीर और दिमाग दोनों के लिए जरूरी होती है| और मेरे अनुभव से जब मैं 7–8 घंटे सोता हूँ, तो सुबह खुद को फ्रेश महसूस करता हूँ और दिनभर एनर्जी बनी रहती है|

Q3. अच्छी नींद के लिए सबसे आसान तरीका क्या है?

Answer- नींद सुधारने के लिए मैंने कुछ सरल आदतें अपनाईं, जैसे- सोने से 30 मिनट पहले स्क्रीन बंद करना, हल्का गर्म दूध पीना और कमरे को शांत व अंधेरा रखना| ये छोटी-छोटी आदतें मेरे सोने के पैटर्न को पूरी तरह बदल दी| 

Q4. नींद क्यों जरूरी है?

Answer- नींद हमारे शरीर और दिमाग दोनों को आराम देती है| नींद पूरी न होने से मेरी याददाश्त पर बुरा असर पड़ता है| मैं अक्सर छोटी-छोटी चीज़ें भूल जाता था, और दिनभर नई जानकारी को याद रखना मुश्किल हो जाता था| 

Q5. दिन में नींद लेना सही है या नहीं?

Answer- दिन में 20-30 मिनट की शॉर्ट नींद लेना सही है, इससे हमारा दिमाग और शरीर दोनों तरोताजा हो जाता है| लेकिन बहुत लंबी नींद लेने से रात को नींद न आने की समस्या उत्पन्न हो सकती है| 

Q6. डॉक्टर के पास कब जाना जरूरी है?

Answer- डॉक्टर के पास कब जाना जरूरी है, जब कमजोरी, थकान,  ख़राब मूड और नींद न आने की समस्या लंबे समय तक बनी रहे| 

(यह भी पढ़े- सफलता की गारेंटी है, जीवन को सफल और खुशहाल रखने के लिए, अपनाए कुछ अच्छे हैबिट्स)

निष्कर्ष

आजकल के भाग दौड़ जिंदगी में हम नींद को बहुत कम वैल्यू देते है| लेकिन नींद पूरी न होने से शरीर और दिमाग दोनों धीरे-धीरे कमजोर होने लगते हैं| मैंने खुद देखा है कि जब मेरी नींद पूरी नहीं होती है, तो दिन भर थकान महसूस होती है, मन ठीक नहीं रहता और किसी भी काम में पूरा ध्यान नहीं लग पाता| 

इन सबके बाद जब मैंने अपनी दिनचर्या सुधारी और समय पर सोना शुरू किया, तब समझ आया की अच्छी नींद हमारे सेहत के लिए कितनी जरूरी होती है| इसलिए अगर आप भी अपनी सेहत को तंदुरुस्त रखना चाहते हैं, तो नींद को नज़रंदास मत करो, और आज से ही समय पर सोने की आदत डालो| 

डिसक्लेमर

इस आर्टिकल को केवल सामान्य जानकारी के लिए लिखी गई है| अगर आपको नींद से जुड़ी किसी भी तरह की स्वास्थ् संबंधी समस्या हो रही है, तो अपने डॉक्टर या हेल्थ एक्सपर्ट से जरूर सलाह लें| 

लेखक परिचय:

Md Faiz स्वास्थ्य, फिटनेस और जिम से जुड़े विषयों पर लेख लिखते हैं| उन्हें वर्कआउट, डाइट और स्वस्थ जीवनशैली में खास रुचि है| वे अपने अनुभव और सामान्य जानकारी के आधार पर आसान भाषा में उपयोगी टिप्स साझा करते हैं, ताकि लोग स्वस्थ और फिट रह सकें|

समाप्त!

Leave a Comment